#मन्दिर :european_castle: की #घण्टी :bell: बजा #बजा कर भी #थक :disappointed_relieved: चुका हूं... ना जाने उसके #दिल :heartpulse: में मेरे #प्यार :couple_with_heart: की #घंटी :bell: कब बजेगी?
इश्क़ वाले आँखों की बात समझ लेते हैं;
सपनों में मिल जाए तो मुलाक़ात समझ लेते हैं;
रोता तो आसमान भी है अपने बिछड़े प्यार के लिए;
फिर पता नहीं लोग क्यों उसे बरसात समझ लेते है।
यह ना थी हमारी क़िस्मत, कि विसाल-ए-यार होता;
अगर और जीते रहते, यही इंतज़ार होता;
तेरे वादे पर जाएँ हम, तो यह जान झूठ जाना;
कि ख़ुशी से मर ना जाते, अगर ऐतबार होता।
हम उबलते हैं तो भूचाल उबल जाते हैं;
हम मचलते हैं तो तूफ़ान मचल जाते हैं;
हमें बदलने की कोशिश करनी है ऐ दोस्तों;
क्योंकि हम बदलते हैं तो इतिहास बदल जाते है।
हो गई है पीर पर्वत-सी...
हो गई है पीर पर्वत-सी पिघलनी चाहिए;
इस हिमालय से कोई गंगा निकलनी चाहिए;
आज यह दीवार, परदों की तरह हिलने लगी;
शर्त लेकिन थी कि ये बुनियाद हिलनी चाहिए;
हर सड़क पर, हर गली में, हर नगर, हर गाँव में;
हाथ लहराते हुए हर लाश चलनी चाहिए;
सिर्फ हंगामा खड़ा करना मेरा मकसद नहीं;
सारी कोशिश है कि ये सूरत बदलनी चाहिए;
मेरे सीने में नहीं तो तेरे सीने में सही;
हो कहीं भी आग, लेकिन आग जलनी चाहिए।
गुलसन है अगर सफ़र
जिंदगी का,
तो इसकी मंजिल समशान
क्यों है ?
जब जुदाई है प्यार का मतलब, तो फिर प्यार
वाला हैरान क्यों है ?
अगर जीना ही है
मरने के लिए, तो जिंदगी ये वरदान
क्यों है ?
जो कभी न मिले उससे
ही लग जाता है दिल,
आखिर ये दिल इतना नादान क्यों है
कल रात भी बारिश खूब हुई
और बादल टूट के बरसा था
नदिया कुचे सब जल थल थे
पर सोच का सेहरा प्यासा था
बंद दरवाजे के कुंचो पर
जब बूंदों ने दस्तक दी
एहसास हुआ तुम आये हो
कुछ अंदाज़ तुम्हारे जैसा था
तु ही मिल जाए मुझे बस इतना ही काफी है;
मेरी हर सांस ने बस ये ही दुआ मांगी है;
जाने क्यूँ दिल खिंचा चला जाता है तेरी तरफ;
क्या तूने भी मुझे पाने की दुआ मांगी है।
तुझे पाने की इसलिए जिद्द नहीं करता,
कि तुझे खोने को दिल नहीं करता,
तु मिलता है तो इसलिए नजरें नहीं उठाते,
कि फिर नजरें हटाने को दिल नहीं करता,
दिल की बात इसलिए तुझ से नहीं करता,
कि तेरा दिल दुखाने को दिल नहीं करता,
ख्वाबो में इसलिए तुझको नहीं सजाते,
कि फिर निंद से जागने को दिल नहीं करता।